CM Atishi ने सात महीने बाद बस मार्शलों की वापसी पर स्पष्ट जानकारी दी
CM Atishi: दिल्ली की राजधानी में प्रदूषण को कम करने के लिए सड़कों पर 10 हजार बस मार्शल लगाए जाएंगे। एक सप्ताह के भीतर सिविल डिफेंस वॉलंटियर्स और मार्शल ड्यूटी पर होंगे। अगले चार महीने में बस मार्शल प्रदूषण के खिलाफ युद्ध में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
राजधानी में वायु प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए दिल्ली सरकार सख्त है। इसके अलावा, सरकार ने प्रदूषण को कम करने के लिए 10 हजार बस मार्शल और सिविल डिफेंस वॉलंटियर्स की स्थापना की अनुमति दी है। यह सभी एक सप्ताह में मुक्त हो जाएंगे। प्रदूषण के हॉटस्पॉट्स की निगरानी, खुले बर्निंग को रोकने और शिकायतों की जांच में उनका योगदान होगा। सोमवार से बस मार्शलों की नियुक्ति होगी। साथ ही, दिल्ली सरकार जल्द बस मार्शलों की स्थायी नियुक्ति का प्रस्ताव उपराज्यपाल वीके सक्सेना को भेजेगी।
CM Atishi ने भाजपा को घेरा
शनिवार को मुख्यमंत्री आतिशी ने कहा कि बस मार्शल अगले चार महीने प्रदूषण के खिलाफ महत्वपूर्ण काम करेंगे। उनका दावा था कि भाजपा, आप के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व में दिल्लीवासियों की हर समस्या का समाधान करेगी, चाहे कोई षड्यंत्र हो।
आतिशी: भाजपा ने बस मार्शलों का वेतन रोका
आतिशी ने कहा कि 2017–2018 में सरकार ने बसों में महिलाओं की सुरक्षा के लिए मार्शल लगाए थे। दिल्लीवासी ने इन मार्शलों की नियुक्ति से महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को सुरक्षा मिली है। उनका दावा था कि मार्शलों ने बस में महिलाओं के साथ होने वाली हिंसा को रोका, किसी बच्चे के अपहरण की कोशिशों को रोका और बुजुर्गों की मदद की। उनका दावा था कि भाजपा ने षड्यंत्र करके अपने अधिकारी के माध्यम से अप्रैल 2023 से इन बस मार्शलों को भुगतान नहीं दिया।
आतिशी: 10 हजार युवा बेरोजगार
उन्होंने दावा करते हुए कहा, 10 हजार से अधिक परिवार के युवा बेरोजगार हो गए और बसों में महिलाएं असुरक्षित हो गईं। केजरीवाल ने बार-बार कहा कि इन बस मार्शलों को फिर से स्थापित किया जाए। उन्होंने प्रण लिया कि इन बस मार्शलों को फिर से काम दिलाएंगे, चाहे जो भी हो। उन्होंने कहा कि, भाजपा को इस संघर्ष के सामने झुकना पड़ा और सिर्फ मार्शलों को फिर से नियुक्त करने के लिए तैयार होना पड़ा।