Idols in home temple: घर के मंदिर में कितनी मूर्तियां रखनी चाहिए? जानिए
Idols in home temple:आइए जानते हैं कि घर के मंदिर में एक से अधिक चित्र या मूर्तियों की स्थिति में कितनी संख्या होनी चाहिए।
Numbers of idols in Home temple: हिंदू घरों में पूजा करने के लिए अधिकतर छोटे आकार का घर मंदिर चाहिए। संगमरमर से लेकर लकड़ी तक के ये मंदिर लोगों की श्रद्धा और भक्ति के अनुसार साफ-सफाई और सजावट का पूरा ध्यान रखते हैं। मंदिर में रखे अराध्य देवताओं की लोग नियमित रूप से पूजा करते हैं और हर शुभ अवसर पर हाथ जोड़ना नहीं भूलते। देवी-देवताओं के चित्र और मूर्तियां (idols) अधिकतर घरों में हैं। भगवान शिव, हनुमान जी, माता दुर्गा, विद्या की देवी सरस्वती और राम जानकी घर के मंदिर में पूरी श्रद्धा से स्थापित किए जाते हैं।
हर दिन इन सभी देवताओं की पूजा की जाती है। देवी या देवता को विशेष अवसरों पर भी पूजा अर्चना की जाती है। घर मंदिर में हर अलग-अलग देवी देवताओं की सिर्फ एक मूर्ति या चित्र होनी चाहिए, अधिक नहीं। आइए धर्म के विशेषज्ञों की राय जानें कि एक से अधिक चित्र या मूर्तियों की स्थिति में कितनी संख्या होनी चाहिए।
घर के मंदिर में मूर्तियों की संख्या
भगवान गणेश की मूर्ति
घर में भगवान गणेश की मूर्ति या चित्र रखना बहुत शुभ माना जाता है। भक्तों के घरों में गणपति की मूर्तियां कई आकार की हैं। धर्म विशेषज्ञों का कहना है कि घर में भगवान गणेश की मूर्ति विषम संख्या में (जैसे 3, 5, 7 या 9) रखना शुभ है।
शिवलिंग
शिवलिंग को घर के मंदिर में स्थापित करते समय उसके आकार और संख्या का ध्यान रखना बहुत महत्वपूर्ण है। घर के मंदिर में स्थापित शिवलिंग का आकार अंगूठे से बड़ा नहीं होना चाहिए। क्योंकि शिवलिंग अत्यंत जाग्रत और संवेदनशील माने जाते हैं, इसलिए घर के मंदिर में बड़े आकार के शिवलिंग नहीं रखना चाहिए। घर के मंदिर में एक से अधिक शिवलिंग नहीं रखना चाहिए। शिवलिंग को पानी से भरे बर्तन में हमेशा रखना चाहिए।
माता दुर्गा
हर घर के मंदिर में मां दुर्गा की प्रतिमा या चित्र होना अनिवार्य है। माता के अलग-अलग रूपों, जैसे माता काली और माता दुर्गा के चित्र कभी भी तीन नहीं होने चाहिए। उनके चित्रों की संख्या तीन से अधिक नहीं होनी चाहिए।
बजरंग बली
भगवान हनुमान की मूर्ति को हर घर में बैठे हुए मुद्रा वाली रखना चाहिए। यह मुद्रा और भगवान हनुमान की मूर्तियां घर में सबसे अच्छी हैं।
राम जानकी और शिव परिवार
घर के मंदिर में राम जानकी और भगवान शिव के पूरे परिवार के चित्र जरूर स्थापित करने चाहिए। इससे पारिवारिक मूल्यों को बढ़ावा मिलता है और परिवार में प्रेम बढ़ता है।
मंदिर की दिशा
मंदिर को घर में हमेशा उत्तर-पूर्वी या ईशान कोण में रखना चाहिए। ये स्थान वास्तु के अनुसार मंदिर के लिए सबसे अच्छे हैं। इसके अलावा, मंदिर पूर्व की ओर होना चाहिए। मंदिर को सही स्थान पर स्थापित करने से घर-परिवार में सुख-समृद्धि और शांति बढ़ती है, ऐसा माना जाता है। मंदिर को भी शयनकक्ष या बाथरूम के पास कभी नहीं होना चाहिए। इससे घर पर नकारात्मक परिणामों का खतरा बढ़ सकता है। आप इन सब बातों को ध्यान में रखकर घर के मंदिर में देवी देवताओं को स्थापित करने और उनकी नियमित रूप से पूजा करने से जीवन में शांति और समृद्धि पा सकते हैं।